कब कराएं बाइक की सर्विस ताकि बना रहे माइलेज? जान लें सही समय!

भारत में बाइक सिर्फ एक वाहन नहीं, बल्कि रोज़मर्रा की ज़रूरत है। कोई ऑफिस जाने के लिए इस्तेमाल करता है, तो कोई गांव-शहर के सफर के लिए। लेकिन ज़्यादातर लोग बाइक की सर्विस को हल्के में ले लेते हैं, जिसका नतीजा होता है कम माइलेज, ज़्यादा खराबी और अचानक बड़ा खर्च। इसलिए यह जानना बहुत ज़रूरी है कि बाइक सर्विस कितने दिन या कितने किलोमीटर में करानी चाहिए।

 बाइक की सर्विस का समय किस बात पर निर्भर करता है?

बाइक की सर्विस का कोई एक तय दिन सभी के लिए नहीं होता। यह इन बातों पर निर्भर करता है:

  • बाइक नई है या पुरानी
  • रोज़ कितनी चलती है
  • सड़कें कैसी हैं (शहर, गांव, खराब रास्ते)
  • ट्रैफिक कितना रहता है
  • पेट्रोल बाइक है या ज्यादा माइलेज वाली कम्यूटर बाइक

इसीलिए कंपनियां हमेशा दिन और किलोमीटर – दोनों का नियम देती हैं।

नई बाइक की पहली सर्विस क्यों सबसे ज़्यादा ज़रूरी होती है?

बाइक की सर्विस bike service kab karaye

जब आप नई बाइक खरीदते हैं, तब इंजन के अंदर के पार्ट्स बिल्कुल नए होते हैं और धीरे-धीरे आपस में सेट होते हैं। इस दौरान इंजन में मेटल के बहुत बारीक कण निकलते हैं, जो ऑयल में मिल जाते हैं।

इसी वजह से सभी बाइक कंपनियां पहली सर्विस
500 से 1000 किलोमीटर या 30 दिन के अंदर कराने को कहती हैं।

पहली सर्विस में:

  • इंजन ऑयल बदला जाता है
  • सभी बोल्ट और नट टाइट किए जाते हैं
  • क्लच, ब्रेक और गियर एडजस्ट होते हैं

अगर पहली सर्विस देर से कराई जाए, तो इंजन की लाइफ शुरू से ही कम हो सकती है।

दूसरी और तीसरी सर्विस कब करानी चाहिए?

पहली सर्विस के बाद बाइक थोड़ी स्टेबल हो जाती है, लेकिन फिर भी शुरुआती समय में नियमित सर्विस जरूरी रहती है।

आमतौर पर:

  • दूसरी सर्विस: 3000–4000 किमी या 3 महीने

  • तीसरी सर्विस: 6000–7000 किमी या 6 महीने

इन सर्विस में इंजन ऑयल दोबारा बदला जाता है, एयर फिल्टर साफ या बदला जाता है और चेन-स्प्रोकेट की जांच होती है। यह वो समय होता है जब बाइक पूरी तरह रोज़मर्रा के इस्तेमाल के लिए तैयार हो जाती है।

एक साल पुरानी बाइक की सर्विस कितने समय में कराएं?

बाइक की सर्विस bike service kab karaye

जब बाइक 1 साल से पुरानी हो जाती है, तब ज़्यादातर कंपनियों का नियम लगभग एक-सा होता है।
ऐसी बाइक की सर्विस
हर 5000 किलोमीटर या 6 महीने में एक बार जरूर करानी चाहिए।

भले ही आपकी बाइक कम चली हो, फिर भी 6 महीने में सर्विस जरूरी होती है क्योंकि:

  • इंजन ऑयल समय के साथ खराब होता है

  • नमी और धूल पार्ट्स को नुकसान पहुंचाती है

अगर बाइक रोज़ बहुत ज़्यादा चलती है तो?

जो लोग:

  • रोज़ ऑफिस अप-डाउन करते हैं

  • डिलीवरी या फील्ड जॉब में बाइक इस्तेमाल करते हैं

उनकी बाइक पर ज़्यादा लोड पड़ता है। ऐसे मामलों में
हर 3000–4000 किलोमीटर में सर्विस कराना सबसे सुरक्षित माना जाता है।

लगातार ट्रैफिक में क्लच, ब्रेक और इंजन पर ज़्यादा दबाव पड़ता है, जिससे पार्ट्स जल्दी घिसते हैं।

सिर्फ किलोमीटर नहीं, आवाज़ और फील भी संकेत देती है

कई बार बाइक यह खुद बता देती है कि उसे सर्विस की ज़रूरत है। जैसे:

  • इंजन की आवाज़ ज़्यादा आना

  • माइलेज अचानक कम हो जाना

  • गियर बदलने में दिक्कत

  • बाइक स्टार्ट में भारी लगना

अगर ऐसे संकेत दिखें, तो किलोमीटर पूरे होने का इंतज़ार नहीं करना चाहिए।

देर से सर्विस कराने के नुकसान

अगर बाइक की सर्विस समय पर न हो, तो:

  • इंजन ऑयल गाढ़ा होकर नुकसान करता है

  • इंजन ज़्यादा गर्म होता है

  • चेन और ब्रेक जल्दी खराब होते हैं

  • माइलेज 5–10 kmpl तक कम हो सकता है

छोटी सर्विस टालने से आगे चलकर हजारों रुपये का खर्च आ सकता है।

बाइक सर्विस को लेकर ज़रूरी सलाह

हमेशा ध्यान रखें:

  • फ्री सर्विस कभी मिस न करें

  • सर्विस रिकॉर्ड संभालकर रखें

  • इंजन ऑयल कंपनी द्वारा बताए गए ग्रेड का ही डालें

  • बहुत सस्ते लोकल ऑयल से बचें

अच्छी सर्विस सिर्फ बाइक नहीं, आपकी जेब भी बचाती है।

अगर आप चाहते हैं कि आपकी बाइक सालों तक सही चले, अच्छा माइलेज दे और बार-बार खराब न हो, तो समय पर सर्विस सबसे जरूरी है। नई बाइक की पहली सर्विस 500–1000 किमी में, और पुरानी बाइक की हर 5000 किमी या 6 महीने में सर्विस कराना सबसे सही तरीका माना जाता है।

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